काठमांडू: पड़ोसी देश नेपाल की राजनीति में शनिवार को हड़कंप मच गया। नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री खड्ग प्रसाद (केपी) शर्मा ओली और उनके तत्कालीन गृह मंत्री रमेश लेखक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी पिछले साल सितंबर 2025 में हुए ‘Gen Z’ (जनरेशन Z) विरोध प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा और मौतों के मामले में की गई है।

पुलिस के अनुसार, ओली को शनिवार सुबह भक्तपुर के गुंडू स्थित उनके आवास से हिरासत में लिया गया, जबकि लेखक को सुबह करीब 5 बजे भक्तपुर के सूर्यविनायक स्थित उनके घर से गिरफ्तार किया गया। दोनों को काठमांडू पुलिस कार्यालय ले जाया गया है और रविवार को अदालत में पेश किया जाएगा।

सितंबर 2025 में नेपाल में भ्रष्टाचार के खिलाफ युवाओं के नेतृत्व वाले बड़े पैमाने पर Gen Z प्रदर्शन हुए थे। इन प्रदर्शनों में हिंसा भड़क गई और सुरक्षा बलों द्वारा बल प्रयोग के कारण दो दिनों में कई लोगों की मौत हो गई, जबकि सैकड़ों कि संख्या में लोग घायल हुए। इन घटनाओं के बाद देशव्यापी आक्रोश फैला और अंततः केपी ओली की सरकार गिर गई।
यह गिरफ्तारी नई सरकार के गठन के महज 24 घंटे के अंदर हुई है। रैपर से राजनेता बने बालेंद्र शाह (बालेन शाह) ने शुक्रवार को नेपाल के प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी। उन्होंने पुर्व प्रधानमंत्री केपी ओली को भारी मतों से हराकर चुनावी जीत हासिल की थी। नई सरकार के गृह मंत्री सुदन गुरुंग ने सोशल मीडिया पर लिखा, “कोई भी कानून से ऊपर नहीं है। हमने पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को हिरासत में लिया है।”

यह घटनाक्रम नेपाल की राजनीति में महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है, जहां जवाबदेही और युवा आंदोलनों का मुद्दा फिर से चर्चा में आ गया है। फिलहाल दोनों पर कोई औपचारिक आरोप तय नहीं किया गया है, लेकिन जांच आगे बढ़ रही है।




